गेहूं की बालियां निकलते समय ना करें यह चूक, वरना बर्बाद हो जाएगी पूरी फसल!
भारत में गेहूं की खेती बहुत महत्वपूर्ण है। जब गेहूं के पौधों से बालियां निकलने लगती हैं, तो यह समय फसल के लिए सबसे खास होता है। इस समय किसान भाई अगर छोटी सी भी गलती करते हैं, तो पैदावार पर बुरा असर पड़ता है। कृषि जानकारों के अनुसार, इस दौरान सही देख-रेख से आप अच्छी फसल पा सकते हैं।
1. सिंचाई का सही समय और तरीका 💧
जब गेहूं के पौधों में बालियां बन रही हों, तब मिट्टी में नमी का होना बहुत जरूरी है। इस अवस्था को ‘गबोट’ या ‘बूटिंग’ स्टेज कहते हैं।
- नमी की कमी: अगर इस समय खेत सूख जाता है, तो बालियां छोटी रह जाती हैं। दानों का आकार भी सही नहीं बनता।
- सावधानी: खेत में पानी लगाते समय ध्यान रखें कि तेज हवा न चल रही हो। अगर तेज हवा में पानी देंगे, तो फसल गिर सकती है। गिरी हुई फसल का दाना काला पड़ जाता है और पैदावार घट जाती है।
2. सही खाद का चुनाव 🧪
कई किसान इस समय यूरिया का छिड़काव करते हैं, जो गलत हो सकता है। बालियां निकलते समय नाइट्रोजन की ज्यादा जरूरत नहीं होती।
- पोटैशियम का महत्व: इस समय 00:52:34 (NPK) या 00:00:50 का स्प्रे करना फायदेमंद रहता है।
- फायदा: इससे दाने चमकदार और वजनदार बनते हैं। बालियां पूरी लंबाई लेती हैं और दानों में दूध सही से भरता है।
3. कीट और बीमारियों से बचाव 🐛
बालियां निकलते समय तापमान बढ़ता है। इस समय माहू (Aphids) जैसे कीटों का हमला बढ़ जाता है।
- निगरानी: रोज अपने खेत का चक्कर लगाएं। अगर बालियों पर चिपचिपा पदार्थ या छोटे कीड़े दिखें, तो तुरंत दवा का छिड़काव करें।
- पीला रतुआ: पत्तियों पर पीले रंग का पाउडर दिखे तो यह फफूंद रोग हो सकता है। इसे अनदेखा न करें।
4. बोरॉन का उपयोग 🌾
बालियों में परागण (Pollination) की क्रिया सही से हो, इसके लिए बोरॉन बहुत जरूरी है।
- फायदा: 100 से 150 ग्राम बोरॉन प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे करने पर दानों का भराव अच्छा होता है। इससे बालियां खाली नहीं रहतीं और किसान को भरपूर मुनाफा मिलता है।
5. मौसम पर नजर रखें ☁️
फरवरी और मार्च के महीने में मौसम तेजी से बदलता है। अगर बारिश की संभावना हो, तो सिंचाई रोक दें। ज्यादा नमी और गर्मी से फफूंद लगने का डर रहता है। बालियां निकलते समय पौधों को पर्याप्त धूप और सही नमी मिलनी चाहिए।
इन छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखकर आप अपनी गेहूं की फसल को बर्बाद होने से बचा सकते हैं। याद रखें, इस समय की गई एक भी चूक आपकी साल भर की मेहनत पर पानी फेर सकती है।






